हमारे विभाग
मातृशक्ति परिषद
संस्कारी नारी • सशक्त समाज • समृद्ध राष्ट्र
भारतीय संस्कृति, सनातन मूल्यों और राष्ट्र निर्माण के लिए नारी शक्ति का सशक्त संगठन
मातृशक्ति परिषद के बारे में
नारी शक्ति, राष्ट्र शक्ति
हिन्दवी स्वराज्य सेना मातृशक्ति परिषद | मातृशक्ति जागरण एवं नारी स्वाभिमान।
राजमाता जीजाबाई और रानी लक्ष्मीबाई के आदर्शों पर चलकर हिन्दू बहनों को आत्मरक्षा, संस्कार और धर्म जागरण हेतु संगठित करती हिन्दवी स्वराज्य सेना की मातृशक्ति परिषद।
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मातृशक्ति परिषद – शौर्य, संस्कार और मातृशक्ति का अप्रतिम स्वरूप
ध्येय वाक्य: “नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः | शस्त्र और शास्त्र से सुसज्जित मातृशक्ति।
राजमाता जीजाबाई, वीरांगना अहिल्याबाई होल्कर और रानी लक्ष्मीबाई की पावन परंपरा को पुनर्जीवित करने हेतु मातृशक्ति परिषद कटिबद्ध है। हिन्दू परिवार और संस्कृति की रक्षा की प्रथम पंक्ति हमारी मातृशक्ति है। आज जब हमारी बहन-बेटियों की आस्था और सुरक्षा पर सुनियोजित षड्यंत्र (जैसे मतांतरण व लव-जिहाद) हो रहे हैं, तब मातृशक्ति परिषद ढाल बनकर खड़ी है।
आत्मरक्षा व शौर्य प्रशिक्षण: हिन्दू बहनों को मानसिक, शारीरिक और शस्त्र-कला (लाठी, कराटे आदि) में पारंगत करना।संस्कार केंद्र व बाल संस्कार: आधुनिकता के दौर में आने वाली पीढ़ी में वैदिक मूल्य, रामायण-महाभारत का ज्ञान और राष्ट्रभक्ति का संचार करना।षड्यंत्रों के विरुद्ध विधिक व सामाजिक जागरण: लव-जिहाद और अनैतिक मतांतरण के विरुद्ध जागरूकता संगोष्ठियां और पीड़ितों को त्वरित सहायता।
मातृशक्ति परिषद प्रमुख

श्रीमती सपना रमेश चौहान
मातृशक्ति परिषद संभागीय प्रमुख, हिन्दवी स्वराज्य सेना
वह पूर्व पंडित दीनदयाल प्रकोष्ठ की उपाध्यक्ष एवं समाजसेविका के रूप में कार्य कर चुकी हैं। वे महिलाओं का एक सशक्त संगठन तैयार करने तथा कामकाजी महिलाओं को सहयोग एवं मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए सक्रिय रूप से कार्य करती हैं। साथ ही, महिलाओं को सरकारी योजनाओं की जानकारी देने और अस्पतालों से मिलने वाले आवश्यक लाभ दिलाने में सहायता करती हैं। सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के क्षेत्र में भी उनका सक्रिय योगदान है। वे नवरात्रि के भव्य आयोजन, जन्माष्टमी एवं हनुमान जयंती पर्व के आयोजन तथा शिवजी की बारात जैसे धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
“भारतीय नारी केवल परिवार की नहीं, पूरे राष्ट्र की शक्ति है।”
- पद
- मातृशक्ति परिषद प्रमुख
- क्षेत्र
- सामाजिक कार्य, नारी सशक्तिकरण
- अनुभव
- 10+ वर्षों का सक्रिय सामाजिक कार्य
- विशेष रुचि
- संस्कार शिक्षा, महिला नेतृत्व विकास
- प्रेरणा स्रोत
- भारतीय संस्कृति, मातृशक्ति, राष्ट्र सेवा
हमारे उद्देश्य
मातृशक्ति परिषद के मुख्य उद्देश्य
संस्कारी, जागरूक और सशक्त नारी के माध्यम से एक सशक्त समाज और समृद्ध राष्ट्र का निर्माण।
संस्कार और मूल्य
भारतीय संस्कृति और सनातन मूल्यों का प्रसार करना।
नारी सशक्तिकरण
महिलाओं को आत्मनिर्भर, शिक्षित और नेतृत्वक्षम बनाना।
सामाजिक जागरूकता
समाज में नारी सम्मान और सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना।
राष्ट्र निर्माण में भागीदारी
परिवार, समाज और राष्ट्र के निर्माण में महिलाओं की सक्रिय भूमिका सुनिश्चित करना।
हमारे साथ जुड़ें
नारी शक्ति के इस अभियान का हिस्सा बनें
आइए, मिलकर भारतीय नारी शक्ति को संगठित, जागरूक और सशक्त बनाएँ। परिवार, समाज और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य के लिए आज ही मातृशक्ति परिषद से जुड़ें।
- संगठन से जुड़ें
अपने क्षेत्र में सक्रिय हों
- गतिविधियों में भाग लें
सामाजिक कार्यक्रमों से जुड़ें
- नारी समाज को सशक्त करें
अपने आसपास जागरूकता फैलाएँ
- राष्ट्र निर्माण में योगदान दें
एक सशक्त भारत के लिए










